Shared Hosting Pros & Cons

Shared Hosting, सबसे अधिक popular web hosting types में से एक है. लेकिन हमेशा ही अपनी ज़रुरत के हिसाब से web hosting का चुनाव करना ही बढ़िया रहता है. किसी भी web hosting server को choose करने से पहले, ये ज़रूरी है कि आपको web server के सभी positive और negative aspects के बारे में पता हो.

Shared Hosting के 3 Pros और 3 Cons - क्या आपके लिए ये सही है

बिना किसी doubt के, shared hosting बहुत popular है, लेकिन इसके भी कुछ advantages और कुछ disadvantages हैं. आज हम आपके साथ इस आर्टिकल के ज़रिये, यही शेयर करेंगे कि Shared Web Hosting के क्या advantages और क्या disadvantages हैं, जोकि आपको मन में रखने चाहिए, इससे पहले कि आप कोई shared web hosting को खरीदें.

Shared Hosting के 3 Pros

तो चलिए सबसे पहले बात, Pros की करते हैं.

आसान और Fast setup:

Shared web hosting को setup करना आसान है, इसके विपरीत dedicated hosting को setup करने के लिए समय और technical knowledge दोनों की ज़रुरत पड़ती है. Shared hosting को खरीदने के कुछ मिनटों के बाद ही fully functional किया जा सकता है.

कम खर्चा:

तो जैसा कि shared hosting में आपकी hosting बहुत से अन्य websites के साथ shared होती है, तो दूसरी web hosting types के मुकाबले भी shared hosting का price बहुत ही कम होता है. साथ ही इसकी आपको कोई अलग से maintainence cost भी नहीं देनी पड़ती. सारा कुछ purchase price में ही included होता है. तो आपको maintainence की अलग से चिंता करने की भी कोई ज़रुरत नहीं हैं और न ही इसके लिए pay करने की कोई ज़रुरत है.

छोटी websites के लिए Best option है:

आपकी webhosting दूसरी websites के साथ shared होने के कारण, आपके server के resources भी shared होते हैं. छोटी websites को चलने के लिए ज्यादा resources की ज़रुरत भी नहीं पड़ती. तो ऐसे में छोटी websites के लिए, shared hosting सबसे बढ़िया और किफायती option निकल कर आता है.

Shared Web Hosting के 3 Cons

बड़ी websites के लिए सही नहीं है

Shared web hosting limited resources provide करती है, तो ऐसे में जिन websites को चलने के लिए बहुत सारे resources की ज़रुरत होती है, तो उनके लिए shared hosting काफी problems पैदा कर सकती है. यदि उस server की एक भी वेबसाइट crash हो जाती है, तो उसका असर दूसरी websites पर भी पड़ता है. तो ऐसे में यदि आपकी एक बड़ी वेबसाइट है, जिसको ज्यादा resources की ज़रुरत है, तो आपको VPS का dedicated web hosting को ही चुनना चाहिए.

IP dynamic होता है

बहुत साड़ी web hosting.inpanies आपको एक static IP address provide नहीं करती हैं. तो ऐसे में problem तब हो सकती है, जब भी आपको एक static IP की ज़रुरत हो, जैसा कि eCommerce साईट में अक्सर ऐसा होता है. आप.inpanies से अपनी website के लिए static IP प्राप्त तो कर सकते हैं, लेकिन इसके लिए आपको extra pay करना होगा.

Security

Security एक और factor है, जोकि shared hosting के cons में add किया जा सकता है. जैसा कि shared hosting में एक ही server पर बहुत सारी websites होती हैं, server के hack हो जाने के chances भी उतने ही बढ़ जाते हैं. तो ऐसे में, हज़ारों websites की maintainence और security risk पर होती है.

मुझे आशा है कि इसम आर्टिकल को पढ़कर, आप ये decide कर पाने में सक्षम होने कि आपकी वेबसाइट के लिए, shared hosting एक सही choice है या फिर नहीं. Comments section में shared hosting के बारे में अपने views हमारे साथ सांझा करना मत भूलियेगा!


ऐसे ही और informational Posts पढ़ते रहने के लिए और नए blog posts के बारे में Notifications प्राप्त करने के लिए हमारे Subscribe कीजिये. इस blog पोस्ट से सम्बंधित किसी भी तरह का प्रश्न पूछने के लिए नीचे.inment कीजिये.

मुझे बताईये यदि आपके इस पोस्ट के सम्बंधित कोई भी प्रश्न आपके मन में है?

ज़रूर पढ़िए:

हमारे पोस्ट के प्रति अपनी प्रसन्नता और उत्त्सुकता को दर्शाने के लिए कृपया इस पोस्ट को Social Networks जैसे कि Facebook, Google+ और  इत्यादि पर share कीजिये.

Kasba Blog – कंटेंट्स

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here